हैं दरीचे न खिड़कियाँ घर में

By dr.-bhavnaJanuary 2, 2024
हैं दरीचे न खिड़कियाँ घर में
क्यों भला ख़ुश हों बेटियाँ घर में
अब हवाओं में दहशतें हैं बहुत
चुप सी बैठी हैं तितलियाँ घर में


खोल ही देंगी पोल रिश्तों का
बढ़ रही हैं जो दूरियाँ घर में
लाडली जब गई है अपने घर
बे-सबब क्यों हैं सिसकियाँ घर में


36531 viewsghazalHindi