सभी हिंदी शायरी
पड़े हैं ज़द में सभी मेरी आह के अब तक
पड़े हैं ज़द में सभी मेरी आह के अब तक ...
मैं तो समझा था कि है उस से शनासाई बहुत
मैं तो समझा था कि है उस से शनासाई बहुत ...
हल्की हल्की बारिश मेरे दिल को यूँ तड़पाती है
हल्की हल्की बारिश मेरे दिल को यूँ तड़पाती है ...
दश्त-ए-उल्फ़त में भटकता हुआ आहू तू है
दश्त-ए-उल्फ़त में भटकता हुआ आहू तू है ...
अपने बारे में वो गर पूछ लें फिर क्या कहिए
अपने बारे में वो गर पूछ लें फिर क्या कहिए ...
'अमल से प्यार से मोहकम यक़ीं से निकलेगा
'अमल से प्यार से मोहकम यक़ीं से निकलेगा ...
वो 'आलम भी 'अजब इक 'आलम-ए-मजबूर होता है
वो 'आलम भी 'अजब इक 'आलम-ए-मजबूर होता है ...
साक़िया एक नज़र काफ़ी है बस अब के बरस
साक़िया एक नज़र काफ़ी है बस अब के बरस ...
जोगिया
नहा-धो कर नीचे के तीन-साढ़े तीन कपड़े पहने जोगिया रोज़ की तरह उस दिन भी अलमारी के पास आ खड़ी हुई। और मैं अपने हाँ से थोड़ा पीछे हट कर देखने लगा। ऐसे म...
नाज़-ए-सद-रंग-ओ-जुनूँ-ख़ेज़ इशारे देखे
नाज़-ए-सद-रंग-ओ-जुनूँ-ख़ेज़ इशारे देखे ...